जब बात आती है सेहतमंद जीवन जीने की तो आपके दिमाग में क्या आता है? योगासन, एक्सरसाइज और मेडिटेशन? अगर ऐसा है तो संभवतः आप बिल्कुल सही हैं। क्योंकि स्वस्थ जीवन के लिए जितना जरूरी आपके शरीर का स्वस्थ रहना है, उतना ही जरूरी है आपके दिमाग यानी मन का स्वस्थ रहना। धार्मिक स्तर पर देखें तो शरीर और आत्मा दोनों को साधने से ही जीवन सधता है। शरीर और मस्तिष्क को स्वस्थ रखने के लिए बहुत सारे नियम हैं। दुनिया के तमाम स्वस्थ एक्सपर्ट्स ने खुश रहने के सैकड़ों तरीके बताए हैं, जिनमें से बहुत सारे आप अपना भी सकते हैं। लेकिन कुछ छोटी-छोटी गलतियां रह जाती हैं। आज हम आपको बता रहे हैं ऐसे ही 5 वेलनेस टिप्स, जो आपको उम्रभर स्वस्थ और प्रसन्न रखने में मदद करेंगी।

स्वस्थ जीवन का आधार धूप है-
धूप हजारों सालों से सैकड़ों बीमारियों से आपको बचाने का काम करती आई है। धूप की परबैगनी किरणें त्वचा को नुकसान पहुंचाती हैं। मगर इन्हीं किरणों में हमारे शरीर और हड्डियों के लिए जरूरी विटामिन डी पाया जाता है। इसके अलावा धूप की किरणें एंटीबैक्टीरियल प्रभाव भी रखती हैं। अगर आप सही समय पर रोजाना धूप में सिर्फ 30 मिनट बैठें, तो आपको इसके बहुत सारे फायदे प्राप्त होगे| आमतौर पर सर्दियों में सुबह 7 – 9 के बीच और गर्मियों में सुबह 6-7.30 के बीच धूप नर्म होती है। इस समय बैठेंगे तो आपको फायदा मिलेगा। आप चाहें तो रोजाना धूप में थोड़ी देर पार्क में टहलें या छत पर योगासन कर सकते है|

नंगे पांव घास पर चलनानंगे पांव घास पर चलना-
रोजाना सुबह उठकर आपको थोड़ी देर पैदल चलना चाहिए। अध्ययन से पता चला है कि अगर आप सुबह-सुबह नंगे पैर थोड़ी देर पैदल चलते है तो आपके शरीर में ब्लड सर्कुलेशन भी बढ़ेगा। मिट्टी-धूल को कुछ लोग गंदा जरूर समझते हैं, मगर मिट्टी के संपर्क में हमारे शरीर को ढेर सारे लाभ भी मिलते हैं। आजकल वैकल्पिक चिकित्सा में मड थेरेपी का इस्तेमाल खूब किया जाता है। दरअसल मिट्टी कई तरह के मिनरल्स, बैक्टीरिया और जर्म्स से भरी होती है। इनके संपर्क में आने से धीरे-धीरे हमारे शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ती जाती है। इसलिए आपको सुबह-सुबह नंगे पांव घास पर पैदल चलने की सलाह दी जाती है|

थोड़ी देर हंसना जरूरी है-
आप जैसे-जैसे समझदार या बड़े होते हैं, आपके स्वभाव में एक तरह की गंभीरता आती जाती है। ये गंभीरता आपके प्रोफेशनल जीवन के लिए सही है, लेकिन परिवारिक जीवन के लिए नहीं। आप ऑफिस या काम के दौरान कितने भी गंभीर रहें लेकिन घर में रहें तो आपके स्वभाव में एक उन्मुक्तता होनी चाहिए। बच्चों के साथ खेलें, उन्हें हंसाएं, पत्नी की काम में मदद करें और रोजाना थोड़ी देर हंसने का अभ्यास करें।हँसना अपने आप में एक तरह की एक्सरसाइज या योगा है, जिसे कई बीमारियों में फायेदमंद माना जाता है। हंसने से शरीर में हैप्पी हार्मोन्स बढ़ते हैं, जो आपके मूड को सही रखते हैं। इसलिए दिन में थोड़ा समय जरूर ह्सिये|

पेट को स्वस्थ रखने के लिए हेल्दी खाएं-
दुनिया की 95% बीमारियों का कारण हमारा पेट और खानपान होता है। आप जो कुछ खाते हैं, आपका शरीर और मन उसी अनुसार काम करता है। स्वस्थ जीवन के लिए आपके पेट का स्वस्थ होना बहुत जरूरी है। इसलिए हमेशा मौसम के अनुसार अपना खानपान रखें, बाहर का खाना कम से कम खाएं, चीनी और नमक का सेवन जितना कम कर सकते हैं, उतना कम करें। पानी ज्यादा पीने की आदत डालें। याद रखें आपका भोजन जितना अधिक प्रकृति के पास रहेगा, उतना ही पौष्टिक और हेल्दी होगा। इसलिए फल, सब्जी, अनाज, दूध, मांस, अंडा, नट्स आदि का सेवन करें। ये सारी चीजें स्वस्थ जीवन के लिए आवश्यक हैं।

मोटापा न होने दें-
मोटापा एक ऐसी समस्या है, जिससे दुनिया की लगभग आधी जनसंख्या परेशान है। पेट के आसपास जमा चर्बी आपकी सेहत के लिए जितनी खतरनाक है, वो आपके विचार में भी नहीं आ सकता है। एक अकेले मोटापा ही आपको डायबिटीज, कैंसर, हाई ब्लड प्रेशर, हाई कोलेस्ट्रॉल, हार्ट अटैक, कार्डियक अरेस्ट, स्ट्रोक, लिवर सिरोसिस, फैटी लिवर, किडनी फेल्योर जैसी सैकड़ों गंभीर बीमारियों का शिकार बना सकता है। वहीं अगर आप खुद को मोटा होने से रोक लें, तो इन बीमारियों के होने की संभावना कम हो सकती है। इसलिए रोजाना एक्सरसाइज, सही खानपान के तरीके और सही लाइफस्टाइल को अपनाकर जितनी जल्दी हो सके, मोटापे से छुट्टी पाएं।